Surah Al-Imran ( The Famiy of Imran ) - Aya 46

Surah Al-Imran ( The Famiy of Imran ) - Hindi - Aya 46 Aya count 200

وَيُكَلِّمُ ٱلنَّاسَ فِى ٱلْمَهْدِ وَكَهْلًۭا وَمِنَ ٱلصَّٰلِحِينَ ﴿٤٦﴾
और (बचपन में) जब झूले में पड़ा होगा और बड़ी उम्र का होकर (दोनों हालतों में यकसॉ) लोगों से बाते करेगा और नेको कारों में से होगा
Share